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कुल्लू में पूर्व धाम से जुडी दी गई तमाम अनुमतियां रद्द, उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई 

कुल्लू,29 अप्रैल : जनपद में किसी भी तरह के आयोजन या समारोह में सामुदायिक भोजन या धाम की व्यवस्था पर आगामी आदेशों तक पूर्णतः प्रतिबंध रहेगा। जिला दंडाधिकारी डॉ. ऋचा वर्मा ने इस बाबत आदेश जारी किए हैं। जारी आदेशों के अनुसार ग्राम पंचायतों के प्रधान, संबंधित वार्ड पंच और शहरी निकाय के वार्ड सदस्यों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश जारी हुए हैं कि उनके क्षेत्र में किसी भी तरह के सामुदायिक भोजन या धाम का आयोजन न हो। यदि ऐसी कोई अनुमति जिला प्रशासन व उप मंडलों द्वारा पूर्व में दे दी गई है तो उसे तुरंत प्रभाव से निरस्त किया गया है।

इसके अलावा जिला की सभी ग्राम पंचायतों के प्रधान, संबंधित वार्ड पंच और शहरी निकाय के सभी वार्ड सदस्य इस बात की निगरानी करेंगे की उनके संबंधित क्षेत्रों में बाहरी राज्यों से कौन-कौन व्यक्ति आ रहे हैं। उनका यह भी दायित्व रहेगा कि, यदि ऐसे व्यक्तियों के पास कोविड-19 की नेगेटिव रिपोर्ट नहीं है तो उनके पास एक विकल्प यह होगा कि 7 दिन के बाद वह स्वयं का परीक्षण करवा कर नेगेटिव रिपोर्ट हासिल करें अथवा 14 दिन तक निरंतर अपने घर पर ही क्वारंटाइन (संगरोध) के नियमों का पालन करते हुए रहें। ऐसे सभी व्यक्तियों की जानकारी ग्राम पंचायत प्रधान संबंधित खंड विकास अधिकारी के साथ दैनिक आधार पर सांझा करेंगे।


ग्राम पंचायतों के प्रधान, संबंधित वार्ड पंच और शहरी निकाय के सभी वार्ड सदस्यों का यह भी दायित्व रहेगा कि, उनके क्षेत्र में बिना संबंधित एसडीएम की पूर्व अनुमति के किसी भी तरह के समारोह का आयोजन न हो। यदि कोई समारोह, कार्यक्रम बिना पूर्व अनुमति के हो रहा हो तो ऐसे कार्यक्रम या समारोह को पंचायत प्रधान व शहरी निकाय के सदस्य रूकवाये और इसकी सूचना नजदीकी पुलिस थाना, एसडीएम, खंड विकास अधिकारी को तुरंत दें। इसके अतिरिक्त यह भी सुनिश्चित किया जाए कि ऐसे समारोह/कार्यक्रमों में भाग लेने वाले व्यक्तियों की संख्या अनुमति पत्र में दर्शायी गई संख्या से ज्यादा ना हो।

ग्राम पंचायतों व शहरी क्षेत्रों में यदि कोविड-19 पॉजिटिव व्यक्ति और उनके परिवार के सदस्य जो घर से बाहर निकल कर कोविड-19 के नियमों का उल्लंघन करते पाये जाते हैं तो उन्हें ऐसा करने से रोकें व इसकी सूचना संबंधित ग्राम पंचायत प्रधान/शहरी निकाय के वार्ड सदस्य तुरंत नजदीकी पुलिस थाना, एसडीएम, खंड विकास अधिकारी को दें।